व्हाट्सऐप इस्तेमाल करने का सबसे पुराना नियम टूट गया है — “नो फोन नंबर, नो अकाउंट, नो कॉल।” Meta ने 14 अक्टूबर 2026 को WhatsApp Guest Calling फीचर का ऐलान किया है, जिसके बाद अब ऐसा व्यक्ति भी व्हाट्सऐप की वॉयस या वीडियो कॉल में शामिल हो सकेगा, जिसके पास व्हाट्सऐप अकाउंट तक नहीं है। बस एक लिंक चाहिए और कंप्यूटर का ब्राउजर — कॉल में शामिल होने के लिए ऐप इंस्टॉल करने या अकाउंट बनाने की कोई जरूरत नहीं रहेगी।
WhatsApp Guest Calling आखिर कैसे काम करेगा
फीचर का तरीका बेहद सीधा है। व्हाट्सऐप यूजर अपने ऐप के Calls टैब में जाएगा, वहां प्लस (+) के निशान पर टैप करके एक कॉल लिंक बनाएगा और उसे जिसे चाहे भेज देगा — व्हाट्सऐप पर, SMS से या ईमेल से, कहीं भी। लिंक पाने वाला व्यक्ति अपने कंप्यूटर के ब्राउजर में वह लिंक खोलेगा, अपना नाम लिखेगा और कॉल में जुड़ने का अनुरोध भेजेगा।

लेकिन यहां एक जरूरी शर्त है: गेस्ट सीधे कॉल में नहीं घुसेगा। होस्ट की अनुमति मिलने तक वह एक वेटिंग रूम में रहेगा, और अनुमति मिलते ही कॉल में शामिल हो जाएगा। होस्ट चाहे तो कॉल के दौरान कभी भी गेस्ट को हटा भी सकता है। कंपनी के मुताबिक, कॉल लिंक सिर्फ वही बना सकता है जिसके पास अपना व्हाट्सऐप अकाउंट है।
फीचर एक-से-एक कॉल और ग्रुप कॉल दोनों में काम करेगा — एक कॉल में 32 लोग तक जुड़ सकेंगे। कंपनी का कहना है कि गेस्ट कॉल पूरी तरह फ्री होंगी, इन पर कोई टाइम लिमिट नहीं होगी और ये उसी एंड-टू-एंड एन्क्रिप्टेड कॉलिंग इंफ्रास्ट्रक्चर पर चलेंगी, जिस पर व्हाट्सऐप की सामान्य कॉल चलती हैं।
गेस्ट यूजर्स को क्या-क्या मिलेगा और क्या नहीं
WhatsApp Guest Calling में गेस्ट को जानबूझकर एक सीमित भूमिका दी गई है। गेस्ट कॉल के दौरान अपनी स्क्रीन शेयर कर सकेगा, थम्स-अप और हार्ट जैसे इमोजी रिएक्शन भेज सकेगा और हाथ उठाकर (raise hand) बोलने का अनुरोध कर सकेगा। ये सुविधाएं मीटिंग, ट्यूशन या प्रेजेंटेशन जैसे इस्तेमाल के लिए काफी हैं।
लेकिन गेस्ट कॉल शुरू नहीं कर सकेगा, किसी को मैसेज नहीं भेज सकेगा, किसी और व्यक्ति को कॉल में नहीं जोड़ सकेगा और — सबसे अहम — उसे कॉल में मौजूद अन्य लोगों के फोन नंबर भी नहीं दिखेंगे। यानी गेस्ट की पहुंच सिर्फ लाइव बातचीत तक सीमित रहेगी, किसी के कॉन्टैक्ट डिटेल तक नहीं।
प्राइवेसी को लेकर कंपनी का दावा
व्हाट्सऐप का कहना है कि गेस्ट कॉल भी एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन के दायरे में रहेंगी और प्राइवेसी की पूरी व्यवस्था की गई है। होस्ट के हाथ में एंट्री का कंट्रोल, नंबर छिपे रहना और कभी भी गेस्ट हटाने का विकल्प — इन तीन चीजों को कंपनी इस फीचर की प्राइवेसी की बुनियाद बता रही है।
एक बात ध्यान देने लायक है: कंपनी ने साफ कहा है कि ब्राउजर से जुड़ने की सुविधा “कंप्यूटर ब्राउजर” के लिए है। मोबाइल ब्राउजर से बिना अकाउंट कॉल में शामिल होने का जिक्र फिलहाल नहीं किया गया है।
फेसटाइम, Zoom और Google Meet से मुकाबला
वैसे यह आइडिया नया नहीं है। Apple ने iOS 15 के बाद से ही फेसटाइम लिंक के जरिए बिना Apple डिवाइस या अकाउंट के कॉल में जुड़ने की सुविधा दी हुई है, और Zoom, Google Meet और Microsoft Teams में लिंक से जुड़ना तो सालों पुराना तरीका है। व्हाट्सऐप यहां लीड नहीं, कैच-अप कर रहा है — लेकिन उसके पैमाने से समीकरण बदल सकता है। जब आपके लगभग सारे कॉन्टैक्ट पहले से जिस ऐप पर हैं, वही ऐप उस एक व्यक्ति को भी कॉल में ले आए जो ऐप इंस्टॉल करने से इनकार करता है, तो अलग वीडियो प्लेटफॉर्म संभालने की जरूरत कमजोर पड़ जाती है।
रोलआउट कब और आगे क्या आने वाला है
WhatsApp Guest Calling की घोषणा 14 अक्टूबर को हुई और इसका रोलआउट जारी है। इसके साथ ही कंपनी ने यह भी बताया है कि इस साल के आखिर में Google और Outlook कैलेंडर के साथ इंटीग्रेशन आने वाला है, जिससे कैलेंडर इनविटेशन से सीधे व्हाट्सऐप कॉल बनाई जा सकेगी।
कुल मिलाकर, यह फीचर उन लोगों के लिए सबसे उपयोगी साबित हो सकता है जो काम के सिलसिले में ऐसे लोगों से जुड़ते हैं जो व्हाट्सऐप इस्तेमाल नहीं करते — ऑफिस की मीटिंग हो, ऑनलाइन ट्यूशन हो या विदेश में बैठे रिश्तेदार से बात। लिंक भेजिए, नाम लिखवाइए, अनुमति दीजिए — और बात शुरू।
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स्रोत: MacRumors: WhatsApp Guest Calls | Gadgets 360 Hindi: बिना अकाउंट WhatsApp कॉल

